अस्पताल में भर्ती करने से इनकार करने वाली कोरोना की संदिग्ध मरीज युवती और उसके पिता के खिलाफ सदर बाजार थाना में केस दर्ज कर लिया गया है। आईपीसी की धारा 269 और 270 लगाई गई है। ये धाराएं महामारी के दौरान प्रशासन का सहयोग न करने और ऐसा काम करने जिससे बीमारी फैलने की धाराएं है।
बता दें कि इस संदिग्ध महिला मरीज को जिला अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराने के लिए पुलिस को बुलाना पड़ा था। महिला का पति बंगलूरू में कोरोना संक्रमित पाया गया था। इसका पता चलने पर वो बंगलूरू से आगरा आ गई। उसके परिजन स्वास्थ्य विभाग की टीम को गुमराह कर रहे थे।
डीएम पीएन सिंह ने संदिग्ध मरीज के पिता के विरुद्ध विभागीय व कानूनी कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं। आरोप है कि पिता ने संदिग्ध रोगी की सूचना छिपा कर रखी। इसके साथ ही जब टीम संदिग्ध महिला की जांच के लिए उसके घर पहुंची तो परिवार ने सहयोग नहीं किया।
चिकित्सकीय टीम के अलावा सभी का प्रवेश प्रतिबंध कर दिया है। चिकित्सकों ने बताया कि मरीज चिकित्सकीय निगरानी में हैं और हालत ठीक है। इनकी पुणे से कन्फर्म रिपोर्ट आने के बाद दिल्ली रेफर करने पर निर्णय लिया जाएगा।